धनबाद: जिले में आवारा कुत्तों के काटने की घटनाएं लगातार सामने आ रही हैं। पिछले एक महीने के आंकड़ों के अनुसार, 1000 से अधिक लोगों को डॉग बाइट के बाद एंटी-रेबीज वैक्सीन (ARV) लगवानी पड़ी है। बड़ी संख्या में लोग इलाज के लिए धनबाद मेडिकल कॉलेज अस्पताल और सदर अस्पताल पहुंच रहे हैं।
जानकारी के अनुसार, निरसा और बलियापुर क्षेत्र से डॉग बाइट के मामले लगातार सामने आ रहे हैं। हाल में एक बच्ची की डॉग बाइट के बाद मौत की घटना की सूचना के बाद स्थानीय लोगों में चिंता और बढ़ गई है। सुबह और शाम के समय गली-मोहल्लों तथा सुनसान सड़कों पर आवारा कुत्तों के झुंड के कारण लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
बताया जा रहा है कि आवारा कुत्तों के हमले का खतरा बच्चों, महिलाओं और बुजुर्गों के बीच अधिक बना हुआ है। मरीजों की संख्या को देखते हुए अस्पताल प्रबंधन की ओर से वैक्सीन की उपलब्धता और इलाज को लेकर सतर्कता बरती जा रही है।
वहीं, स्थानीय लोगों ने नगर निगम और जिला प्रशासन से संवेदनशील इलाकों को चिन्हित कर आवारा कुत्तों की नसबंदी और नियंत्रण के लिए अभियान चलाने की मांग की है। लोगों का कहना है कि प्रभावी कदम उठाकर इस समस्या से आम जनता को राहत दिलाई जानी चाहिए।
















