झारखंड में भीषण गर्मी और उमस से परेशान लोगों को जल्द राहत मिलने वाली है। मौसम विभाग ने राज्य के कई जिलों में अगले चार दिनों तक मौसम के बदले रहने की संभावना जताई है। इस दौरान तेज हवाएं चलने, गरज-चमक के साथ बारिश होने और कुछ स्थानों पर वज्रपात की चेतावनी जारी की गई है।
बुधवार को राजधानी रांची समेत राज्य के अधिकांश हिस्सों में हल्के बादल छाए रहे। रांची का अधिकतम तापमान 35.7 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि न्यूनतम तापमान बढ़कर 24.6 डिग्री सेल्सियस पहुंच गया। तापमान में वृद्धि के कारण लोगों को उमस भरी गर्मी का सामना करना पड़ा।
मौसम विभाग के आंकड़ों के अनुसार, राज्य में सबसे अधिक अधिकतम तापमान मेदिनीनगर में 41.0 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। वहीं, जमशेदपुर का न्यूनतम तापमान 28.2 डिग्री सेल्सियस रहा, जो राज्य में सबसे अधिक रहा।
मौसम वैज्ञानिकों के मुताबिक, पूर्वी उत्तर प्रदेश और उसके आसपास के क्षेत्रों में एक साइक्लोनिक सर्कुलेशन सक्रिय है। इसके अलावा मध्य प्रदेश से तमिलनाडु तक एक ट्रफ लाइन बनी हुई है, जिसके कारण बंगाल की खाड़ी से नमी युक्त हवाएं झारखंड की ओर आ रही हैं। यही कारण है कि राज्य के मौसम में बदलाव देखने को मिल रहा है।
मौसम विभाग के वैज्ञानिक अभिषेक आनंद ने बताया कि रांची समेत झारखंड के विभिन्न जिलों में अगले चार दिनों तक आंशिक रूप से बादल छाए रहेंगे। इस दौरान कई स्थानों पर तेज हवा, गरज-चमक और हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना है। लोगों को वज्रपात के दौरान सावधानी बरतने की सलाह दी गई है।
उधर, आगामी मानसून को देखते हुए रांची नगर निगम भी अलर्ट मोड में आ गया है। नगर आयुक्त सुशांत गौरव की अध्यक्षता में हुई समीक्षा बैठक में शहर के जलजमाव प्रभावित क्षेत्रों की स्थिति का जायजा लिया गया। अधिकारियों को निर्देश दिया गया है कि बरसात शुरू होने से पहले नालियों की सफाई, जल निकासी व्यवस्था और अन्य आवश्यक सुधार कार्य पूरे कर लिए जाएं ताकि लोगों को जलभराव की समस्या का सामना न करना पड़े।
मौसम विभाग का मानना है कि आने वाले दिनों में बारिश की गतिविधियां बढ़ने से लोगों को गर्मी से राहत मिलेगी और तापमान में भी गिरावट दर्ज की जा सकती है।
















