धनबाद: बरोरा थाना क्षेत्र में सड़क किनारे मिले शव मामले का धनबाद पुलिस ने सनसनीखेज खुलासा किया है। जांच में सामने आया है कि बीसीसीएल में अनुकंपा के आधार पर नौकरी पाने की लालच में बेटे ने ही अपने पिता की हत्या की साजिश रची थी। हत्या को अंजाम देने के लिए 10 लाख रुपये की सुपारी दी गई थी।
गुरुवार को ग्रामीण एसपी एस. मोहम्मद याकूब ने प्रेस वार्ता में बताया कि 20 जून 2026 की सुबह करीब 4:45 बजे पुलिस को सूचना मिली थी कि चिटाही से बरोरा जाने वाली पीसीसी सड़क के किनारे झाड़ियों के पास एक व्यक्ति का शव पड़ा हुआ है। सूचना मिलने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर मामले की जांच शुरू की।
जांच के दौरान मृतक की पहचान तुलेश्वर नोनिया के रूप में हुई। मामले की गंभीरता को देखते हुए वरीय पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर ग्रामीण एसपी के नेतृत्व में विशेष जांच दल (एसआईटी) का गठन किया गया। तकनीकी और वैज्ञानिक साक्ष्यों के आधार पर जांच आगे बढ़ाई गई, जिसके बाद हत्या की पूरी साजिश का खुलासा हुआ।
पुलिस जांच में पता चला कि मृतक के पुत्र विजय नोनिया ने अपने पिता की हत्या करवाने के लिए अखिलेश मल्लाह और अमित कुमार सिंह को 10 लाख रुपये की सुपारी दी थी। पूछताछ में तीनों आरोपियों ने हत्या में अपनी संलिप्तता स्वीकार कर ली।
पुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर हत्या में इस्तेमाल किया गया खून से सना पत्थर, घटना में प्रयुक्त मोटरसाइकिल, खून लगे कपड़े, जूते-चप्पल, गमछा और मोबाइल फोन बरामद किया है।
गिरफ्तार आरोपियों में विजय नोनिया, अखिलेश मल्लाह और अमित कुमार सिंह शामिल हैं। पुलिस ने तीनों को गिरफ्तार कर न्यायिक प्रक्रिया शुरू कर दी है। मामले की आगे की जांच जारी है।
ग्रामीण एसपी ने बताया कि हत्या के पीछे मुख्य उद्देश्य बीसीसीएल में अनुकंपा के आधार पर नौकरी हासिल करना था। पुलिस पूरे मामले से जुड़े अन्य पहलुओं की भी जांच कर रही है।
















