धनबाद : यूजीसी इक्विटी कानून को वापस लेने, आरक्षण व्यवस्था में बदलाव और आर्थिक आधार पर आरक्षण लागू करने सहित आठ सूत्री मांगों को लेकर मंगलवार को धनबाद में सवर्ण समाज ने आक्रोश मार्च निकाला। सवर्ण एकता मंच के बैनर तले निकाला गया मार्च जिला परिषद मैदान से शुरू होकर रणधीर वर्मा चौक तक पहुंचा।
प्रदर्शन में शामिल लोगों के हाथों में ‘UGC Roll Back’ लिखी तख्तियां थीं। मार्च के दौरान केंद्र सरकार के खिलाफ नारेबाजी की गई। रणधीर वर्मा चौक पहुंचने के बाद प्रदर्शन सभा में बदल गया।
मार्च का नेतृत्व राजपूत विचार मंच के केंद्रीय अध्यक्ष अरुण सिंह ने किया। उन्होंने कहा कि आंदोलन किसी जाति या समुदाय के खिलाफ नहीं है, बल्कि यूजीसी इक्विटी कानून में किए गए बदलावों को वापस लेने और आरक्षण व्यवस्था में सुधार की मांग को लेकर है।
राजपूत विचार मंच के संरक्षक उदय प्रताप सिंह ने कहा कि उन्हें आशंका है कि यूजीसी इक्विटी कानून से समाज में जातिगत विभाजन बढ़ सकता है। वहीं बिजय झा ने कहा कि सवर्ण समाज आरक्षण के खिलाफ नहीं है, लेकिन आरक्षण का आधार आर्थिक स्थिति को बनाया जाना चाहिए, ताकि जरूरतमंद लोगों को इसका लाभ मिल सके।
कार्यक्रम में पिंटू महथा, सुमन सिंह, अरविंद सिंह, सुरेश तिवारी, सुधा मिश्रा, भारती दुबे, कल्पना झा और संदीप झा समेत अन्य लोगों ने अपनी बातें रखीं। मार्च में धनबाद के अलावा कतरास, निरसा और झरिया सहित विभिन्न क्षेत्रों से लोग शामिल हुए।
















