धनबाद : जिले में 18 अगस्त से संपत्ति निबंधन का काम प्रभावित होने को लेकर अधिवक्ताओं और डीड राइटरों ने धनबाद सांसद ढुलू महतो से हस्तक्षेप की मांग की है। प्रतिनिधिमंडल ने सांसद को संयुक्त ज्ञापन सौंपकर रजिस्ट्री कार्यालय की व्यवस्था जल्द सामान्य कराने की अपील की।
ज्ञापन में बताया गया कि नेशनल जेनेरिक डॉक्यूमेंट रजिस्ट्रेशन सिस्टम (NGDRS), तकनीकी लिंक और सॉफ्टवेयर से जुड़ी समस्याओं के साथ-साथ मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) कार्य में कर्मचारियों की प्रतिनियुक्ति के कारण रजिस्ट्री कार्यालय का कामकाज लगभग ठप है।
प्रतिनिधिमंडल के अनुसार, निबंधन सेवा बाधित होने से आम नागरिकों के अलावा क्रेता-विक्रेता, अधिवक्ता, डीड राइटर, स्टांप वेंडर और टाइपिस्ट भी प्रभावित हो रहे हैं। जमीन और मकान की खरीद-बिक्री से जुड़े लोगों को एडवांस भुगतान तथा बैंक लोन जैसी प्रक्रियाओं में आर्थिक नुकसान और विवाद की स्थिति का सामना करना पड़ रहा है।
ज्ञापन में यह भी कहा गया कि रजिस्ट्री कार्य प्रभावित होने से स्टांप ड्यूटी और निबंधन शुल्क के रूप में सरकार को मिलने वाले राजस्व पर भी असर पड़ रहा है।
प्रतिनिधिमंडल ने NGDRS सर्वर, इंटरनेट लिंक और सॉफ्टवेयर की तकनीकी खामियों को जल्द दूर करने की मांग की। साथ ही SIR जैसे महत्वपूर्ण कार्य के लिए रजिस्ट्री कार्यालय में अतिरिक्त या वैकल्पिक कर्मचारियों की व्यवस्था करने की अपील की गई, ताकि दोनों सेवाएं समानांतर रूप से चल सकें।
लंबित निबंधन मामलों के निपटारे के लिए विशेष अभियान चलाने, अतिरिक्त कार्य दिवस निर्धारित करने या काम के घंटे बढ़ाने की मांग भी रखी गई। प्रतिनिधिमंडल ने भविष्य में तकनीकी समस्या या कर्मचारियों की विशेष ड्यूटी के कारण नागरिक सेवा पूरी तरह बाधित न हो, इसके लिए स्थायी व्यवस्था बनाने की मांग की।
प्रतिनिधिमंडल ने सांसद ढुलू महतो से इस मुद्दे को मुख्यमंत्री, राजस्व एवं भूमि सुधार मंत्री, मुख्य सचिव और धनबाद उपायुक्त के समक्ष उठाकर रजिस्ट्री सेवा जल्द बहाल कराने का आग्रह किया।
ज्ञापन सौंपने वालों में अधिवक्ता सह धनबाद एवं गोविंदपुर डीड राइटर एसोसिएशन के अध्यक्ष डी.पी. मुखर्जी, सचिव चंद्रशेखर चौधरी, उपाध्यक्ष रंजन लाला, अधिवक्ता चंचल मुखर्जी, अधिवक्ता एस.के. मुखर्जी, दिलीप श्रीवास्तव, मुकेश चौबे समेत अन्य लोग शामिल रहे।
















