धनबाद: स्कूली स्तर से ही विद्यार्थियों में इनोवेशन, क्रिएटिविटी और एंटरप्रेन्योरशिप की सोच विकसित करने के उद्देश्य से IIT (ISM) धनबाद की ओर से पहल की जा रही है। शिक्षा मंत्रालय, भारत सरकार के Innovation Cell के Developing Innovation Culture and Entrepreneurship (DICE) Initiative के तहत संस्थान और आसपास के स्कूलों में विभिन्न गतिविधियां आयोजित की गईं।
मोटिवेशनल सेशन में छात्रों को मिले नए आइडिया
DICE Initiative के तहत UPG हाई स्कूल बिराजपुर और गवर्नमेंट-2 हाई स्कूल धनबाद में मोटिवेशनल सेशन आयोजित किए गए। विद्यार्थियों को रोजमर्रा की समस्याओं को पहचानने, नए विचार विकसित करने और उनके रचनात्मक समाधान तलाशने के लिए प्रेरित किया गया।
इस दौरान छात्रों को एंटरप्रेन्योरशिप की शुरुआती अवधारणाओं और समस्या को अवसर में बदलने की सोच के बारे में भी जानकारी दी गई।
55 विद्यार्थियों ने किया IIT (ISM) का फील्ड विजिट
UPG हाई स्कूल डांगेपाड़ा के करीब 55 विद्यार्थियों और शिक्षकों ने IIT (ISM) के i2h का फील्ड विजिट किया। विद्यार्थियों को संस्थान के इनोवेशन और एंटरप्रेन्योरशिप इकोसिस्टम से परिचित कराया गया।
छात्रों को रियल लाइफ समस्याओं की पहचान कर उनके संभावित समाधान पर काम करने के लिए प्रोत्साहित किया गया।
विशेषज्ञों ने छात्रों से किया संवाद
कार्यक्रम के दौरान डॉ. आशीष सिद्धार्थ, रमेश प्रसाद, प्रो. मधुलिका गुप्ता और डॉ. सरिता सहित रिसर्च स्कॉलर्स ने विद्यार्थियों से संवाद किया। विशेषज्ञों ने छात्रों को अपने विचार खुलकर रखने और नए प्रयोग करने के लिए प्रेरित किया।
इससे पहले 16 सितंबर को IIT (ISM) की टीम ने UPG हाई स्कूल डुमरिया और UPG हाई स्कूल डांगेपाड़ा का दौरा कर स्कूल प्रबंधन, शिक्षकों और विद्यार्थियों को DICE Initiative की जानकारी दी थी।
कार्यक्रम का समन्वय प्रो. मधुलिका गुप्ता, कन्वेनर और प्रो. एजाज अहमद, को-कन्वेनर ने किया। इस पहल का उद्देश्य विद्यार्थियों को पढ़ाई के साथ समस्या समाधान, नवाचार और उद्यमिता के क्षेत्र में व्यावहारिक अनुभव का अवसर देना है।
















