धनबाद: कतरास के छाताबाद में लगातार हो रहे भू-धंसान और घरों में पड़ रही दरारों के बीच जिला प्रशासन, BCCL प्रबंधन और प्रभावित परिवारों के बीच बैठक आयोजित की गई। बाघमारा अंचल कार्यालय में हुई बैठक में सुरक्षा, पुनर्वास, वैज्ञानिक जांच और तत्काल राहत व्यवस्था को लेकर चर्चा हुई।
बैठक के दौरान प्रभावित ग्रामीणों और अधिकारियों के बीच कुछ मुद्दों पर तीखी बहस भी हुई। प्रभावित परिवारों ने सुरक्षित और स्थायी पुनर्वास की मांग रखते हुए कहा कि उन्हें ऐसे स्थान पर बसाया जाए, जहां उनकी रोजी-रोजगार और बच्चों की पढ़ाई प्रभावित न हो।
IIT (ISM) से कराया जा रहा तकनीकी आकलन
बैठक में BCCL की ओर से बताया गया कि भू-धंसान प्रभावित क्षेत्र का तकनीकी आकलन IIT (ISM) धनबाद के विशेषज्ञों से कराया जा रहा है। सर्वे रिपोर्ट के आधार पर संवेदनशील और खतरनाक इलाकों की पहचान की जाएगी।
रिपोर्ट के आधार पर जमीन की भराई, सुरक्षा व्यवस्था और प्रभावित क्षेत्रों को लेकर आगे की कार्रवाई तय किए जाने की बात कही गई।
बेलगड़िया पुनर्वास के विकल्प पर ग्रामीणों ने रखी बात
बैठक में बेलगड़िया में पुनर्वास का विकल्प भी सामने आया। हालांकि, प्रभावित परिवारों ने रोजगार और बच्चों की शिक्षा का हवाला देते हुए छाताबाद या उसके आसपास किसी सुरक्षित स्थान पर पुनर्वास की मांग की।
फिलहाल प्रभावित परिवारों के लिए अस्थायी राहत शिविर की व्यवस्था किए जाने की जानकारी दी गई है। प्रशासन की ओर से प्रभावित लोगों की सुरक्षा और पुनर्वास को लेकर आगे आवश्यक कार्रवाई का भरोसा दिया गया।
















