रांची: झारखंड सरकार ने विभिन्न विभागों में विशेष विषयों पर सलाह, अध्ययन और अनुसंधान के लिए विशेषज्ञों की समिति गठित करने से संबंधित नियमावली लागू की है। इसके तहत चयनित विशेषज्ञों को एकमुश्त 65 हजार रुपये मानदेय दिया जाएगा।
नियमों के अनुसार, विशेषज्ञ समिति में दो से पांच सदस्य हो सकते हैं। इसमें शिक्षाविद, शोधकर्ता, विधि विशेषज्ञ, वित्तीय एवं तकनीकी विशेषज्ञ और क्षेत्रीय विशेषज्ञ शामिल किए जा सकेंगे। उम्मीदवारों के पास संबंधित विषय में पोस्ट ग्रेजुएशन की डिग्री और पांच से दस साल का अनुभव होना चाहिए। अधिकतम उम्र सीमा 70 वर्ष निर्धारित की गई है।
विशेषज्ञों का चयन Expression of Interest (EOI) के माध्यम से होगा। इसके लिए संबंधित विभाग के सचिव की अध्यक्षता में समिति बनाई जाएगी। चयन प्रक्रिया में शैक्षणिक योग्यता, कार्य अनुभव, सरकारी संस्थाओं के साथ काम और इंटरव्यू के आधार पर मूल्यांकन किया जाएगा।
विशेषज्ञ समिति के गठन से पहले संबंधित विभाग को मुख्यमंत्री की अनुमति लेनी होगी। साथ ही यह प्रमाण देना होगा कि संबंधित काम सरकारी संसाधनों से पूरा करना संभव नहीं है।
नियमावली के तहत चयनित विशेषज्ञों को सरकारी कामकाज से जुड़ी गोपनीय जानकारी साझा करने और अपने या किसी अन्य नाम से समाचार पत्रों में लेख प्रकाशित कराने की अनुमति नहीं होगी। वे परिचर्चाओं में भी हिस्सा नहीं ले सकेंगे। विशेषज्ञों पर भारतीय आधिकारिक गोपनीयता अधिनियम, 1923 के प्रावधान लागू होंगे। काम में गंभीर गलती पाए जाने पर उन्हें तत्काल हटाया जा सकेगा।
















