धनबाद: धनबाद के सांसद ढुल्लु महतो ने दावा किया है कि उन्हें फरार गैंगस्टर प्रिंस खान की ओर से लगातार धमकियां मिल रही हैं। शनिवार को धनबाद सर्किट हाउस में आयोजित प्रेस वार्ता में उन्होंने इस संबंध में जानकारी देते हुए एक कथित धमकी भरी ऑडियो क्लिप भी मीडिया के सामने जारी की। सांसद ने कहा कि उन्होंने इस मामले की शिकायत पहले ही धनबाद के वरीय पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) और अपनी पार्टी के शीर्ष नेतृत्व से कर दी है।
सांसद ने बताया कि उन्हें पहली कथित धमकी 1 जुलाई को दिल्ली दौरे के दौरान मिली थी। इसके बाद शुक्रवार शाम एक विदेशी नंबर से भी फोन आया, जिसे उन्होंने गंभीर सुरक्षा चिंता का विषय बताया। उन्होंने कहा कि इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए और दोषियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जानी चाहिए।
प्रेस वार्ता के दौरान ढुल्लु महतो ने झारखंड की कानून-व्यवस्था पर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि यदि जनप्रतिनिधि ही सुरक्षित महसूस नहीं कर रहे हैं, तो आम नागरिकों की सुरक्षा को लेकर चिंता स्वाभाविक है। उन्होंने कहा कि अपराध और अपराधियों पर प्रभावी नियंत्रण स्थापित करना राज्य सरकार और जिला प्रशासन की जिम्मेदारी है।
सांसद ने बताया कि वह पहले भी केंद्रीय गृह मंत्री को पत्र लिखकर धनबाद को अपराधमुक्त बनाने की मांग कर चुके हैं। उन्होंने कहा कि संगठित अपराध और रंगदारी जैसी घटनाओं पर प्रभावी अंकुश लगाने के लिए कठोर कदम उठाए जाने की आवश्यकता है।
अपराधियों के खिलाफ सख्त कानून की वकालत करते हुए उन्होंने कहा कि गुंडों, माफियाओं और संगठित अपराध में शामिल लोगों के लिए कड़े कानूनी प्रावधान होने चाहिए। उन्होंने यह भी कहा कि गंभीर अपराधों के लिए कठोर दंड व्यवस्था पर भी विचार किया जाना चाहिए। साथ ही उन्होंने कहा कि यदि भविष्य में झारखंड में भाजपा की सरकार बनती है, तो अपराध नियंत्रण के लिए और सख्त कानून बनाने का प्रयास किया जाएगा।
प्रेस वार्ता के दौरान सांसद ने बिना किसी का नाम लिए अपने राजनीतिक विरोधियों पर भी निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि कुछ लोग उनके नाम का इस्तेमाल कर राजनीतिक लाभ लेने का प्रयास कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि वे धनबाद के विकास कार्यों को किसी भी परिस्थिति में रुकने नहीं देंगे।
विकास परियोजनाओं का उल्लेख करते हुए सांसद ने कहा कि एयरपोर्ट, पुल और फ्लाईओवर जैसी महत्वपूर्ण योजनाओं पर सकारात्मक चर्चा होनी चाहिए। उन्होंने गयापुल–मटकुरिया फ्लाईओवर, गोविंदपुर एलिवेटेड फ्लाईओवर और निरसा एलिवेटेड फ्लाईओवर जैसी परियोजनाओं का जिक्र करते हुए कहा कि विकास कार्यों का श्रेय लेने के बजाय उन्हें समय पर पूरा कराने पर ध्यान दिया जाना चाहिए।
फिलहाल कथित धमकी के मामले में पुलिस जांच जारी है। अधिकारियों का कहना है कि उपलब्ध साक्ष्यों और तकनीकी तथ्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
















