,

आईआईटी (आईएसएम) धनबाद में एसईसीएल अधिकारियों के लिए ईडीपी का शुभारंभ

JP Bharat Shareधनबाद: आईआईटी (आईएसएम) धनबाद में सोमवार से साउथ ईस्टर्न कोल लिमिटेड (एसईसीएल) के अधिकारियों के लिए पांच दिवसीय एक्जिक्यूटिव डेवलपमेंट प्रोग्राम (ईडीपी) का शुभारंभ हुआ। “प्रोजेक्ट एंड फाइनेंशियल मैनेजमेंट विद प्रोजेक्ट मैनेजमेंट एंड सिमुलेशन सॉफ्टवेयर” विषय पर आयोजित इस प्रशिक्षण कार्यक्रम में एसईसीएल के करीब 20 अधिकारी भाग ले रहे हैं। कार्यक्रम का…

JP Bharat Share

धनबाद: आईआईटी (आईएसएम) धनबाद में सोमवार से साउथ ईस्टर्न कोल लिमिटेड (एसईसीएल) के अधिकारियों के लिए पांच दिवसीय एक्जिक्यूटिव डेवलपमेंट प्रोग्राम (ईडीपी) का शुभारंभ हुआ। “प्रोजेक्ट एंड फाइनेंशियल मैनेजमेंट विद प्रोजेक्ट मैनेजमेंट एंड सिमुलेशन सॉफ्टवेयर” विषय पर आयोजित इस प्रशिक्षण कार्यक्रम में एसईसीएल के करीब 20 अधिकारी भाग ले रहे हैं। कार्यक्रम का उद्देश्य अधिकारियों को आधुनिक परियोजना प्रबंधन, वित्तीय नियोजन और तकनीकी दक्षता से संबंधित व्यावहारिक प्रशिक्षण प्रदान करना है।

कार्यक्रम के उद्घाटन अवसर पर आईआईटी (आईएसएम) के निदेशक प्रो. सुकुमार मिश्रा ने कहा कि खनन क्षेत्र की परियोजनाओं में बड़े पैमाने पर निवेश होता है, इसलिए समयबद्ध कार्यान्वयन, लागत नियंत्रण और संसाधनों का प्रभावी प्रबंधन अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने कहा कि आधुनिक तकनीकों, वैज्ञानिक सोच और उन्नत प्रबंधन प्रणालियों को अपनाकर परियोजनाओं की गुणवत्ता, उत्पादकता और कार्यकुशलता में उल्लेखनीय सुधार किया जा सकता है।

इस दौरान डिपार्टमेंट ऑफ एमएस एंड आईई के प्रोफेसर जे.के. पटनायक ने प्रतिभागियों को प्रशिक्षण कार्यक्रम की तकनीकी रूपरेखा से अवगत कराया। उन्होंने प्रोजेक्ट मैनेजमेंट, फाइनेंशियल प्लानिंग और सिमुलेशन सॉफ्टवेयर के उपयोग पर विस्तार से जानकारी देते हुए बताया कि इन आधुनिक तकनीकों के प्रभावी इस्तेमाल से परियोजनाओं की निगरानी, जोखिम प्रबंधन और निर्णय लेने की प्रक्रिया अधिक सटीक, पारदर्शी और परिणामोन्मुख बन सकती है।

पांच दिनों तक चलने वाले इस प्रशिक्षण कार्यक्रम में अधिकारियों को प्रोजेक्ट प्लानिंग, लागत प्रबंधन, जोखिम विश्लेषण, समय प्रबंधन, संसाधन उपयोग तथा आधुनिक सॉफ्टवेयर आधारित परियोजना प्रबंधन प्रणाली का व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया जाएगा। प्रशिक्षण के दौरान केस स्टडी, इंटरैक्टिव सेशन और तकनीकी अभ्यास के माध्यम से प्रतिभागियों को वास्तविक परियोजनाओं से जुड़े अनुभव भी साझा किए जाएंगे।

आईआईटी (आईएसएम) के विशेषज्ञों का मानना है कि यह कार्यक्रम एसईसीएल अधिकारियों की पेशेवर दक्षता को नई मजबूती देगा और खनन परियोजनाओं के बेहतर क्रियान्वयन, लागत नियंत्रण तथा संसाधनों के प्रभावी उपयोग में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। साथ ही यह उद्योग और शैक्षणिक संस्थानों के बीच सहयोग को भी और मजबूत करेगा।


JP Bharat Share

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

About the Author

Search the Archives

Access over the years of investigative journalism and breaking reports