धनबाद: स्वरूप सरस्वती विद्या मंदिर, रतनपुर टुंडी के छात्र-छात्राओं और शिक्षकों ने बुधवार को IIT (ISM) Dhanbad स्थित नरेश वशिष्ठ सेंटर फॉर टिंकरिंग एंड इनोवेशन (NVCTI) का शैक्षणिक दौरा किया। इस दौरान छात्रों ने आधुनिक तकनीक, नवाचार और शोध आधारित परियोजनाओं को करीब से देखा और समझा।
दौरे के दौरान छात्रों को केंद्र में चल रही विभिन्न तकनीकी गतिविधियों, रोबोटिक्स डेमो, प्रायोगिक शिक्षण सुविधाओं और शोध परियोजनाओं की जानकारी दी गई। छात्रों ने जाना कि विज्ञान और इंजीनियरिंग के जरिए वास्तविक समस्याओं का समाधान किस तरह तैयार किया जाता है।
केंद्र में आयोजित इंटरैक्टिव सत्र और तकनीकी प्रदर्शनों ने छात्रों के बीच विज्ञान और तकनीक के प्रति उत्साह बढ़ाया। छात्रों ने रोबोटिक्स, डिजाइन और प्रोटोटाइप निर्माण से जुड़ी कई गतिविधियों में रुचि दिखाई।
इस कार्यक्रम और केंद्र भ्रमण का समन्वय एनवीसीटीआई के टेक्निकल ऑफिसर रमेश प्रसाद और उनकी टीम ने किया। टीम ने छात्रों को केंद्र की विभिन्न सुविधाओं से परिचित कराया और तकनीकी प्रयोगों के जरिए नवाचार की प्रक्रिया को सरल तरीके से समझाया।
विशेषज्ञों ने बताया कि इस तरह के शैक्षणिक भ्रमण छात्रों में वैज्ञानिक सोच, रचनात्मकता और नई तकनीकों के प्रति जिज्ञासा बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। कम उम्र में ऐसे संस्थानों का अनुभव छात्रों को भविष्य में विज्ञान और तकनीक के क्षेत्र में आगे बढ़ने के लिए प्रेरित करता है।
नरेश वशिष्ठ सेंटर फॉर टिंकरिंग एंड इनोवेशन आईआईटी (आईएसएम) धनबाद का प्रमुख नवाचार केंद्र है, जहां छात्रों को प्रयोग, डिजाइन, प्रोटोटाइप निर्माण और नई तकनीकों पर कार्य करने का अवसर प्रदान किया जाता है। यह केंद्र संस्थान में व्यावहारिक शिक्षण और नवाचार की संस्कृति को मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है।














