गोविंदपुर (धनबाद): बरियो स्थित अल-इकरा टीचर्स ट्रेनिंग कॉलेज में सत्र 2026-28 के नवप्रवेशित प्रशिक्षु-शिक्षकों के स्वागत और शैक्षणिक अभिमुखीकरण के लिए इंडक्शन कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में शिक्षक-प्रशिक्षण के साथ व्यक्तित्व विकास, अनुशासन, शिक्षण कौशल और सामाजिक जिम्मेदारी जैसे विषयों पर चर्चा हुई।
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि विनोबा भावे विश्वविद्यालय, हजारीबाग के शिक्षा विभाग के एचओडी डॉ. तनवीर यूनुस मौजूद रहे। धनबाद टीचर्स ट्रेनिंग कॉलेज, निरसा के प्राचार्य डॉ. फिरदौस ने विशेष अतिथि के रूप में कार्यक्रम में हिस्सा लिया। कॉलेज के प्राचार्य प्रो. डॉ. मो. शमीम अहमद, सचिव डॉ. एस. खालिद, अध्यक्ष सुरैया खानम, संकाय अध्यक्ष प्रो. डॉ. निखत परवीन, इंजीनियर परवेज खालिद सहित शिक्षक-शिक्षकेतर कर्मचारी और विद्यार्थी उपस्थित रहे।
कार्यक्रम की शुरुआत बीएड प्रशिक्षु-शिक्षकों के स्वागत गीत से हुई। इसके बाद नए विद्यार्थियों का परिचय सत्र आयोजित किया गया, जिसमें प्रशिक्षु-शिक्षकों ने अपनी शैक्षणिक और व्यक्तिगत पृष्ठभूमि साझा की। कॉलेज की ओर से बताया गया कि कई विद्यार्थी बनारस हिंदू विश्वविद्यालय, अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय और दिल्ली विश्वविद्यालय जैसे संस्थानों से भी शिक्षा प्राप्त कर चुके हैं।
प्राचार्य प्रो. डॉ. मो. शमीम अहमद ने विद्यार्थियों का स्वागत करते हुए कहा कि बीएड के दो वर्ष सिर्फ परीक्षा और डिग्री हासिल करने तक सीमित नहीं होने चाहिए। इस दौरान शिक्षण कौशल, संप्रेषण क्षमता, नेतृत्व क्षमता और सामाजिक उत्तरदायित्व जैसे गुणों का विकास जरूरी है। उन्होंने विद्यार्थियों से शैक्षणिक और सह-पाठ्यक्रम गतिविधियों में सक्रिय भागीदारी की अपील की।
मुख्य अतिथि डॉ. तनवीर यूनुस ने कहा कि शिक्षक बनना केवल रोजगार का माध्यम नहीं, बल्कि समाज और देश के भविष्य को दिशा देने की जिम्मेदारी भी है। उन्होंने प्रशिक्षु-शिक्षकों से विषयगत ज्ञान के साथ मानवीय मूल्यों, अनुशासन, संवेदनशीलता, तार्किक सोच और सामाजिक जिम्मेदारी विकसित करने का आह्वान किया।
सचिव डॉ. एस. खालिद ने कॉलेज की स्थापना और विकास यात्रा की जानकारी देते हुए बताया कि संस्थान की स्थापना वर्ष 2000 में हुई थी। उन्होंने विद्यार्थियों से कॉलेज में उपलब्ध शैक्षणिक संसाधनों का अधिकतम लाभ उठाने की अपील की।
कार्यक्रम के अंत में डॉ. ममता कुमारी सिन्हा ने धन्यवाद ज्ञापन किया। इसके बाद सत्र 2026-28 के नवप्रवेशित प्रशिक्षु-शिक्षकों के बीच लाइब्रेरी कार्ड और पाठ्यक्रम का वितरण किया गया।
















