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मैथन: DVC के कर्मचारियों के लिए बोनस का ऐलान, संविदाकर्मियों को मिलेंगे ₹22 हजार

JP Bharat Shareमैथन: दामोदर घाटी निगम (DVC) में कार्यरत कर्मचारियों और श्रमिकों के लिए राहत भरी खबर है। वित्तीय वर्ष 2025-26 के लिए निगम ने पात्र कर्मचारियों को बोनस देने का फैसला किया है। वहीं, बोनस के दायरे से बाहर रहने वाले पात्र संविदाकर्मियों के लिए ₹22,000 की एकमुश्त एक्सग्रेशिया राशि मंजूर की गई है।…

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मैथन: दामोदर घाटी निगम (DVC) में कार्यरत कर्मचारियों और श्रमिकों के लिए राहत भरी खबर है। वित्तीय वर्ष 2025-26 के लिए निगम ने पात्र कर्मचारियों को बोनस देने का फैसला किया है। वहीं, बोनस के दायरे से बाहर रहने वाले पात्र संविदाकर्मियों के लिए ₹22,000 की एकमुश्त एक्सग्रेशिया राशि मंजूर की गई है। इस संबंध में DVC ने 12 अक्टूबर 2026 को दो कार्यालय ज्ञापन जारी किए हैं।

निर्णय से निगम में कार्यरत करीब 5 हजार कर्मचारियों और श्रमिकों को लाभ मिलने की उम्मीद है। पात्र कर्मचारियों को निर्धारित शर्तों के तहत 8.33 प्रतिशत की दर से बोनस दिया जाएगा। बोनस की राशि कर्मचारी की श्रेणी और कार्यक्षेत्र के अनुसार अलग-अलग तय की गई है।

निर्धारित विवरण के मुताबिक, क्षेत्र-A के अकुशल श्रमिकों को ₹20,930, क्षेत्र-B के श्रमिकों को ₹17,524 और क्षेत्र-C के श्रमिकों को ₹14,066 बोनस मिलेगा। वहीं, क्षेत्र-B के अर्धकुशल श्रमिकों और अकुशल पर्यवेक्षकों के लिए ₹19,760 तथा क्षेत्र-C के लिए ₹16,432 निर्धारित किए गए हैं। क्षेत्र-C के कुशल एवं लिपिकीय श्रेणी के पात्र कर्मचारियों को ₹19,760 बोनस मिलेगा।

बोनस के लिए क्या है पात्रता?

वित्तीय वर्ष 2025-26 में जिन कर्मचारियों का मासिक वेतन ₹21,000 से अधिक नहीं था और जिन्होंने निगम में कम से कम एक महीने की निरंतर सेवा पूरी की है, वे निर्धारित शर्तों के अनुसार बोनस के पात्र होंगे। इसमें विभिन्न श्रेणियों के श्रमिकों और कर्मचारियों को शामिल किया गया है।

संविदाकर्मियों को ₹22,000 की एक्सग्रेशिया

बोनस के पात्र नहीं होने वाले निर्धारित संविदाकर्मियों और श्रमिकों को एकमुश्त ₹22,000 एक्सग्रेशिया देने का प्रावधान किया गया है। इसमें संविदा डॉक्टर, फिक्स्ड टर्म कर्मचारी, सहायक अभियंता, शिक्षक और अन्य पात्र संविदाकर्मी शामिल हैं। CTPS और BTPS के कुछ सप्लाई कॉन्ट्रैक्ट वर्कर तथा अन्य श्रमिक भी निर्धारित शर्तों के तहत इसका लाभ उठा सकेंगे।

एक्सग्रेशिया के लिए भी वित्तीय वर्ष 2025-26 में कम से कम एक महीने की निरंतर सेवा आवश्यक है। 15 दिन से कम की सेवा अवधि को नहीं गिना जाएगा, जबकि 15 दिन या उससे अधिक की सेवा को एक महीने के बराबर माना जाएगा। पंचेत के आकस्मिक सफाईकर्मियों को उनके कार्यदिवसों के अनुपात में भुगतान किया जाएगा।

DVC के इस फैसले से नियमित पात्र कर्मचारियों और संविदाकर्मियों को आर्थिक राहत मिलने की उम्मीद है। हालांकि, बोनस और एक्सग्रेशिया का लाभ संबंधित कर्मचारी की श्रेणी, वेतन और सेवा अवधि की शर्तों पर निर्भर करेगा।


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