सिंदरी (धनबाद): कोयलांचल की धरती से एक बार फिर अंतरराष्ट्रीय मंच पर भारत का गौरव बढ़ाने वाली खबर सामने आई है। सिंदरी की प्रतिभाशाली नृत्यांगना पायल शील ने श्रीलंका की राजधानी कोलंबो में आयोजित प्रतिष्ठित पदन्यास वर्ल्ड डांस फेस्टिवल में अपनी उत्कृष्ट अर्ध-शास्त्रीय नृत्य प्रस्तुति से दर्शकों का दिल जीत लिया। उनकी प्रस्तुति ने न केवल भारतीय संस्कृति की झलक दुनिया के सामने पेश की, बल्कि धनबाद और झारखंड का नाम भी रोशन किया।
पायल शील को इस अंतरराष्ट्रीय मंच पर अपनी कला का प्रदर्शन करने के लिए विशेष आमंत्रण प्राप्त हुआ था। वैश्विक स्तर पर आयोजित इस प्रतिष्ठित नृत्य महोत्सव में विभिन्न देशों के कलाकारों ने भाग लिया, जहां पायल ने भारतीय अर्ध-शास्त्रीय नृत्य की मनमोहक प्रस्तुति देकर सभी का ध्यान अपनी ओर आकर्षित किया।
कार्यक्रम के दौरान पायल की सधी हुई भाव-भंगिमाएं, नृत्य की लय और कला के प्रति समर्पण ने दर्शकों और निर्णायकों को मंत्रमुग्ध कर दिया। उनकी प्रस्तुति को खूब सराहना मिली और उपस्थित लोगों ने भारतीय संस्कृति की समृद्ध परंपरा की प्रशंसा की।
प्रस्तुति के बाद देश-विदेश से आए गणमान्य अतिथियों ने पायल शील को स्मृति चिह्न और प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया। यह सम्मान न केवल उनकी व्यक्तिगत उपलब्धि है, बल्कि पूरे धनबाद और झारखंड के लिए गर्व का विषय माना जा रहा है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि पायल शील ने यह साबित कर दिया है कि प्रतिभा, मेहनत और लगन के दम पर छोटे शहरों के कलाकार भी अंतरराष्ट्रीय मंचों पर अपनी पहचान बना सकते हैं। उनकी उपलब्धि युवाओं और उभरते कलाकारों के लिए प्रेरणा का स्रोत बनेगी।
पायल की इस सफलता से उनके परिवार, गुरुजनों और पूरे सिंदरी क्षेत्र में खुशी का माहौल है। लोगों ने उनकी उपलब्धि पर गर्व व्यक्त करते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य और आगामी कलात्मक यात्रा के लिए शुभकामनाएं दी हैं।
















