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टुंडी में ‘धरती आबा अभियान’ का असर, दुर्गारायडीह महाशिविर में वन पट्टा को लेकर मिला बड़ा आश्वासन

JP Bharat Shareटुंडी (धनबाद): भारत सरकार के महत्वाकांक्षी “धरती आबा जनजातीय ग्राम उत्कर्ष अभियान” के तहत टुंडी प्रखंड के रतनपुर पंचायत अंतर्गत दुर्गारायडीह गांव में विशेष महाशिविर का आयोजन किया गया। बराकर नदी से सटे इस जनजातीय बहुल गांव के नया प्राथमिक विद्यालय परिसर में आयोजित शिविर में बड़ी संख्या में ग्रामीणों ने भाग लिया।…

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टुंडी (धनबाद): भारत सरकार के महत्वाकांक्षी “धरती आबा जनजातीय ग्राम उत्कर्ष अभियान” के तहत टुंडी प्रखंड के रतनपुर पंचायत अंतर्गत दुर्गारायडीह गांव में विशेष महाशिविर का आयोजन किया गया। बराकर नदी से सटे इस जनजातीय बहुल गांव के नया प्राथमिक विद्यालय परिसर में आयोजित शिविर में बड़ी संख्या में ग्रामीणों ने भाग लिया।

अभियान के दूसरे चरण के तहत आयोजित इस शिविर में विभिन्न सरकारी योजनाओं से जुड़े आवेदन लिए गए और ग्रामीणों को योजनाओं की जानकारी दी गई। शिविर में विशेष रूप से “मैया सम्मान योजना” का सत्यापन कार्य भी किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में महिलाओं की भागीदारी देखने को मिली।

इस दौरान ग्रामीणों ने वर्षों से लंबित वन पट्टा (Forest Rights) की समस्या को अधिकारियों के समक्ष उठाया। ग्रामीणों ने बताया कि आवेदन प्रक्रिया पूरी होने और अधिकांश विभागीय हस्ताक्षर होने के बावजूद मामला रेंजर स्तर पर अटका हुआ है।

ग्रामीणों की समस्याएं सुनने के बाद प्रखंड कल्याण पदाधिकारी किशोर कुणाल ने आश्वासन दिया कि वे स्वयं इस मामले की पैरवी करेंगे और पात्र लोगों को जल्द वन पट्टा उपलब्ध कराने की दिशा में पहल की जाएगी। इस आश्वासन के बाद ग्रामीणों में उम्मीद की नई किरण जगी है।

महाशिविर में पीएम आवास योजना, आयुष्मान कार्ड, किसान क्रेडिट कार्ड (KCC), पीएम किसान सम्मान निधि, पेंशन योजना, राशन कार्ड, आधार कार्ड और कौशल विकास योजनाओं से संबंधित आवेदन लिए गए।

कार्यक्रम में स्थानीय मुखिया गरीबन बीबी, पंचायत सचिव नीरज सिन्हा, राजस्व उप निरीक्षक मो. शहाबुद्दीन, पंचायत सहायक तापस मुखर्जी सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण मौजूद रहे।


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