धनबाद। रक्षाबंधन के अवसर पर मंगलवार को धनबाद समाहरणालय में आयोजित विशेष कार्यक्रम में भाई-बहन के रिश्ते के साथ छात्राओं और प्रशासन के बीच संवाद का भी अनोखा उदाहरण देखने को मिला। जिले के विभिन्न सरकारी विद्यालयों से पहुंचीं छात्राओं ने उपायुक्त सह जिला दंडाधिकारी आदित्य रंजन, वरीय पुलिस अधीक्षक प्रभात कुमार समेत अन्य वरीय अधिकारियों को राखी बांधी और उनकी सुख-समृद्धि एवं लंबी उम्र की कामना की।
राखी बांधने के बाद अधिकारियों ने छात्राओं को आशीर्वाद दिया और उनके उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं दीं। इसके बाद उपायुक्त ने छात्राओं के साथ खुला संवाद किया। छात्राओं ने बिना झिझक अपने विद्यालयों की समस्याओं और रोजमर्रा की परेशानियों को अधिकारियों के सामने रखा।
स्कूलों की सुविधाओं से लेकर सुरक्षा तक उठे मुद्दे
प्लस टू हाई स्कूल कोलाकुसमा की छात्राओं ने स्कूल तक पहुंचने वाली सड़क, स्मार्ट बोर्ड और संगीत वाद्ययंत्र उपलब्ध कराने की मांग रखी। वहीं कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय गोविंदपुर में डीप बोरिंग की जरूरत बताई गई। प्राइमरी स्कूल नेरो की छात्राओं ने बाउंड्री वॉल और बेंच-डेस्क की मांग रखी।
उत्क्रमित मिडिल स्कूल भालगोड़ा की छात्राओं ने विद्यालय भवन की जर्जर स्थिति और रसोईघर का दरवाजा टूटने की जानकारी दी। छात्राओं ने यह भी बताया कि स्कूल से बर्तन चोरी होने की घटनाएं सामने आई हैं।
मिडिल स्कूल सरायढेला की छात्राओं ने स्कूल के आसपास असामाजिक तत्वों के जमावड़े की शिकायत की। छात्राओं के अनुसार, छुट्टी के बाद कुछ लोगों की गतिविधियों के कारण उन्हें परेशानी होती है और चोरी जैसी घटनाओं का भी डर बना रहता है।
मामले को गंभीरता से लेते हुए एसएसपी प्रभात कुमार ने मौके से ही संबंधित थाना प्रभारियों से बात कर आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए।
इसके अलावा बस्तीपुर, खास निरसा, झारखंड बालिका आवासीय विद्यालय धनबाद, कतरासगढ़, भागा, जगजीवन नगर, चालधोवा और पंडुकी समेत कई विद्यालयों से जुड़ी समस्याएं और मांगें भी छात्राओं ने अधिकारियों के सामने रखीं।
सड़क सुरक्षा को लेकर भी चिंता
पीएम श्री राजगंज की छात्राओं ने स्कूल के सामने सड़क सुरक्षा का मुद्दा उठाया। उन्होंने बताया कि हाई स्कूल और मिडिल स्कूल सड़क के दोनों ओर स्थित हैं, जिसके कारण विद्यार्थियों को सड़क पार करने में दुर्घटना का खतरा बना रहता है।
स्कूल की ओर से बैरिकेड लगाए गए हैं, लेकिन छात्राओं ने अतिरिक्त सुरक्षा व्यवस्था की मांग की। इस पर उपायुक्त ने संबंधित विभाग को स्कूल के पास रंबल स्ट्रिप लगाने की दिशा में जल्द कार्रवाई का आश्वासन दिया।
कंप्यूटर शिक्षा को बेहतर करने की पहल
विभिन्न विद्यालयों में कंप्यूटर शिक्षकों की कमी का मुद्दा भी सामने आया। इस पर उपायुक्त ने बताया कि शिक्षकों को 30-30 के बैच में कंप्यूटर प्रशिक्षण दिया जाएगा। इससे विद्यालयों में कंप्यूटर शिक्षा को बेहतर बनाने में मदद मिलने की उम्मीद है।
छात्राओं की सुरक्षा पर पुलिस की सख्ती
एसएसपी प्रभात कुमार ने कहा कि जिले के बालिका विद्यालयों, आवासीय विद्यालयों और अन्य शिक्षण संस्थानों की सुरक्षा को लेकर थाना प्रभारियों को आवश्यक निर्देश दिए जाएंगे। स्कूलों के आसपास पुलिस पेट्रोलिंग बढ़ाने और संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखने की बात भी कही गई।
उन्होंने स्पष्ट किया कि छात्राओं को परेशान करने वाले मनचलों और असामाजिक तत्वों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। छात्राओं की सुरक्षा में किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
उपायुक्त आदित्य रंजन ने रक्षाबंधन को भाई-बहन के प्रेम, स्नेह और सुरक्षा का प्रतीक बताते हुए छात्राओं को मन लगाकर पढ़ाई करने और आगे बढ़कर समाज में सकारात्मक बदलाव लाने के लिए प्रेरित किया।
कार्यक्रम के दौरान छात्राओं ने अपने हाथों से तैयार की गई कलाकृतियां और अन्य सामग्री अधिकारियों को भेंट की। कुछ छात्राओं ने अधिकारियों के ऑटोग्राफ भी लिए। कार्यक्रम में विभिन्न विद्यालयों के शिक्षक-शिक्षिकाएं और बड़ी संख्या में छात्राएं मौजूद रहीं।
रक्षाबंधन के इस आयोजन में राखी के साथ छात्राओं की आवाज भी प्रशासन तक पहुंची और स्कूलों की सुविधाओं से लेकर सुरक्षा तक कई महत्वपूर्ण मुद्दों पर अधिकारियों ने मौके पर ही कार्रवाई का भरोसा दिया।
















