धनबाद : रणधीर वर्मा चौक पर एक दंपति ने अपने पड़ोसी पर कथित तौर पर पहचान और दस्तावेजों में हेरफेर कर बीसीसीएल में नौकरी हासिल करने का आरोप लगाया है। पीड़ित रामू तुरी का दावा है कि उनके नाम का इस्तेमाल कर दूसरे व्यक्ति ने अनुकंपा के आधार पर नौकरी प्राप्त की और अब उनके पीएफ की राशि पर भी दावा करने की कोशिश की जा रही है।
रामू तुरी के अनुसार, वर्ष 1993 में उनके पिता की खदान में डूबने से मौत हो गई थी। इसके बाद परिवार के एक सदस्य को नियमानुसार बीसीसीएल में अनुकंपा के आधार पर नौकरी मिलनी थी। आरोप है कि इसी दौरान पड़ोसी रामू साव ने कथित रूप से अपना नाम रामू तुरी बताकर फर्जी दस्तावेजों के जरिए नौकरी हासिल कर ली।
पीड़ित का कहना है कि इस मामले को लेकर उन्होंने बीसीसीएल के एरिया कार्यालय, कोयला भवन और धनबाद उपायुक्त कार्यालय में शिकायत दी है। हालांकि, उनके मुताबिक अब तक मामले में उन्हें अपेक्षित न्याय नहीं मिला है। उन्होंने आरोप लगाया कि कथित रूप से फर्जी पहचान पर नौकरी करने वाला व्यक्ति अब पीएफ की रकम पर भी अधिकार जताने की कोशिश कर रहा है।
रामू तुरी ने यह भी दावा किया कि कथित फर्जी नौकरी के मामले में संबंधित व्यक्ति के खिलाफ पहले कार्रवाई और मुकदमा दर्ज हुआ था, लेकिन बाद में उसे जमानत मिल गई।
पीड़ित दंपति रामू तुरी और मीणा देवी ने प्रशासन एवं बीसीसीएल प्रबंधन से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की है। उन्होंने कथित दस्तावेजों का सत्यापन कर दोषी पाए जाने वालों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई और अपने अधिकारों की रक्षा की गुहार लगाई है।
















