धनबाद : Anupama Singh ने धनबाद सदर अंचल कार्यालय के समक्ष हुए धरना-प्रदर्शन के बाद कांग्रेस पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं पर दर्ज प्राथमिकी को दुर्भावनापूर्ण और अलोकतांत्रिक करार दिया है। उन्होंने कहा कि शांतिपूर्ण लोकतांत्रिक आंदोलन को दबाने का प्रयास किसी भी कीमत पर स्वीकार नहीं किया जाएगा।
उन्होंने बताया कि 13 मई 2026 को Dhanbad Nagar Congress Committee और Bhuli Nagar Congress Committee के संयुक्त तत्वावधान में एकदिवसीय धरना-प्रदर्शन आयोजित किया गया था। धरना का उद्देश्य अंचल कार्यालय में कथित भ्रष्टाचार, दलाली, रिश्वतखोरी, दाखिल-खारिज, जाति, आय एवं निवास प्रमाण-पत्र और भूमि मापी से जुड़ी समस्याओं के खिलाफ आवाज उठाना था।
अनुपमा सिंह ने कहा कि प्रदर्शन पूरी तरह शांतिपूर्ण था और इस दौरान किसी प्रकार की हिंसा, तोड़फोड़ या सरकारी कार्य में बाधा नहीं पहुंचाई गई। इसके बावजूद कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं पर गंभीर धाराओं में प्राथमिकी दर्ज करना प्रशासन की मंशा पर सवाल खड़ा करता है।
उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में शांतिपूर्ण विरोध और धरना-प्रदर्शन प्रत्येक नागरिक का संवैधानिक अधिकार है। भ्रष्टाचार और जनसमस्याओं के खिलाफ आवाज उठाना अपराध नहीं हो सकता। प्रशासन द्वारा आंदोलन को दबाने के लिए गंभीर धाराओं का इस्तेमाल करना निंदनीय है।
Anupama Singh ने Dhanbad के उपायुक्त से मामले की निष्पक्ष जांच कराने, कांग्रेस कार्यकर्ताओं पर दर्ज प्राथमिकी वापस लेने और संबंधित अंचल अधिकारी के खिलाफ विभागीय कार्रवाई करने की मांग की।
उन्होंने कहा कि कांग्रेस पार्टी जनहित और जनता के अधिकारों की लड़ाई आगे भी लोकतांत्रिक तरीके से जारी रखेगी।
















