जमशेदपुर : Jamshedpur के भालूबासा इलाके में हुए जानलेवा हमले में घायल मानगो के गरीब नवाज़ कॉलोनी निवासी Mohammad Mumtaz alias Ashif की रांची स्थित Rajendra Institute of Medical Sciences में इलाज के दौरान मौत हो गई। युवक की मौत के बाद शुक्रवार को शहर में भारी आक्रोश देखने को मिला।
जैसे ही मृतक का शव जमशेदपुर पहुंचा, गुस्साए लोगों ने शव के साथ मानगो चेपा पुल को जाम कर दिया। इसके कारण NH-33 से मानगो और आजादनगर होकर शहर में प्रवेश करने वाला मुख्य मार्ग पूरी तरह बाधित हो गया। देर रात तक सड़क जाम और विरोध प्रदर्शन जारी रहा।
प्रदर्शनकारियों ने मृतक के परिजनों को 15 लाख रुपये मुआवजा देने, फरार आरोपी की जल्द गिरफ्तारी और मामले में मॉब लिंचिंग की धाराओं के तहत केस दर्ज करने की मांग की। मौके पर पहुंची पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों ने लोगों को समझाने का प्रयास किया, लेकिन लोग अपनी मांगों पर अड़े रहे।
बताया जा रहा है कि बीते रविवार दोपहर करीब तीन बजे मुमताज़ भालूबासा इलाके में वेल्डिंग का काम कर रहे थे। इसी दौरान कुछ युवकों ने पीछे से आकर उन पर लोहे की रॉड से हमला कर दिया। हमलावरों ने उनके सिर पर लगातार वार किए, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गए।
घटना के बाद स्थानीय लोगों ने उन्हें तुरंत Tata Main Hospital पहुंचाया, जहां ICU में इलाज के बाद बेहतर उपचार के लिए रांची रेफर किया गया था। शुक्रवार को इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई।
मृतक के पिता Mohammad Bashir ने बताया कि उनके बेटे का किसी से कोई विवाद नहीं था और वह मेहनत-मजदूरी कर परिवार चलाता था। बेटे की मौत के बाद परिवार में मातम पसरा हुआ है।
पुलिस ने मामले में दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि एक अन्य आरोपी अब भी फरार बताया जा रहा है। पुलिस उसकी गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी कर रही है।














