धनबाद के बाईपास बलियापुर रोड स्थित जेपी अस्पताल ने न्यूरो सर्जरी के क्षेत्र में एक और महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल की है। अस्पताल के विशेषज्ञ डॉक्टरों ने एक 40 वर्षीय महिला के मस्तिष्क से जमा अतिरिक्त पानी निकालकर उसकी जान बचा ली। सफल सर्जरी के बाद मरीज के स्वास्थ्य में तेजी से सुधार हुआ है और अब वह सामान्य रूप से चलने-फिरने लगी हैं।
मरीज रिंकी देवी, बिहार के औरंगाबाद जिले की निवासी हैं। वह लंबे समय से सिर में असहनीय दर्द, लगातार चक्कर आने और चलने-फिरने में परेशानी से जूझ रही थीं। कई जगह इलाज कराने के बावजूद राहत नहीं मिलने पर उन्हें जेपी अस्पताल लाया गया।
अस्पताल में जांच के दौरान डॉक्टरों ने पाया कि रिंकी देवी टेट्रावेंट्रिकुलर हाइड्रोसिफ़लस नामक गंभीर बीमारी से पीड़ित हैं। इस बीमारी में मस्तिष्क के चारों वेंट्रिकल (चैंबर) में असामान्य रूप से पानी जमा हो जाता है, जिससे दिमाग पर अत्यधिक दबाव पड़ता है और मरीज की स्थिति गंभीर हो सकती है।
जेपी अस्पताल के वरिष्ठ न्यूरोसर्जन और उनकी टीम ने आधुनिक तकनीक की मदद से सफल ऑपरेशन कर मस्तिष्क में जमा अतिरिक्त पानी बाहर निकाला। ऑपरेशन के बाद मरीज की स्थिति लगातार बेहतर होती गई और अब वह पहले की तुलना में पूरी तरह स्वस्थ महसूस कर रही हैं।
मरीज के परिजनों ने अस्पताल के डॉक्टरों और स्वास्थ्यकर्मियों का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि कई अस्पतालों के चक्कर लगाने के बाद उन्हें जेपी अस्पताल में सही इलाज मिला। उन्होंने डॉक्टरों की टीम को मरीज को नया जीवन देने का श्रेय दिया।
जेपी अस्पताल के चेयरमैन प्रदीप मंडल ने इस सफल सर्जरी पर पूरी मेडिकल टीम को बधाई देते हुए कहा कि अस्पताल कम खर्च में अत्याधुनिक और गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने के लिए लगातार प्रयासरत है। उन्होंने कहा कि भविष्य में भी मरीजों को बेहतर चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराना अस्पताल की प्राथमिकता रहेगी।
















