,

धनबाद: होल्डिंग टैक्स में बढ़ोतरी, शहर में रहना हुआ महंगा

JP Bharat Shareधनबाद : नगर निगम क्षेत्र के लोगों पर अब अतिरिक्त आर्थिक बोझ पड़ने वाला है। सरकार द्वारा सर्किल रेट में 10% की बढ़ोतरी के बाद होल्डिंग टैक्स भी बढ़ा दिया गया है। नई दरें लागू होने के बाद आम नागरिकों को हर साल ₹20 से ₹30 तक अधिक टैक्स देना होगा। नगर निगम…

JP Bharat Share

धनबाद : नगर निगम क्षेत्र के लोगों पर अब अतिरिक्त आर्थिक बोझ पड़ने वाला है। सरकार द्वारा सर्किल रेट में 10% की बढ़ोतरी के बाद होल्डिंग टैक्स भी बढ़ा दिया गया है। नई दरें लागू होने के बाद आम नागरिकों को हर साल ₹20 से ₹30 तक अधिक टैक्स देना होगा।

नगर निगम प्रशासन ने आवासीय और कॉमर्शियल दोनों तरह की संपत्तियों के लिए संशोधित दरें लागू कर दी हैं। इस फैसले का सीधा असर शहर के करीब 40 हजार नियमित टैक्सदाताओं पर पड़ेगा। वहीं 84 हजार होल्डिंग में से लगभग 44 हजार उपभोक्ता अभी भी टैक्स नहीं देते हैं, जिन पर अब निगम की विशेष निगरानी रहेगी।

अधिकारी प्रकाश कुमार के अनुसार, सरकार के निर्देशानुसार नया सर्किल रेट लागू किया गया है। हालांकि राहत की बात यह है कि पानी और कचरा यूजर चार्ज में कोई बढ़ोतरी नहीं की गई है।

नई व्यवस्था के तहत अब टैक्स का निर्धारण सड़क की चौड़ाई के आधार पर किया जाएगा। यानी जिस सड़क पर आपकी संपत्ति स्थित है, उसकी चौड़ाई जितनी अधिक होगी, टैक्स उतना ही ज्यादा देना होगा। वहीं कच्चे मकानों पर अपेक्षाकृत कम टैक्स लगाया जाएगा।

गौरतलब है कि वर्ष 2023 से पहले होल्डिंग टैक्स का निर्धारण एनुअल रेंट वैल्यू (ARV) के आधार पर किया जाता था, लेकिन अब इसे सर्किल रेट के आधार पर तय किया जा रहा है। पिछले तीन वर्षों में यह दूसरी बार है जब टैक्स दरों में वृद्धि की गई है।

👉 इस फैसले से शहर में रहने की लागत बढ़ने की आशंका है, जिससे आम लोगों की जेब पर असर पड़ सकता है।

ये भी पढ़ें:-धनबाद में पहली बार मूक-बधिर अंडर-19 भारत-नेपाल क्रिकेट टूर्नामेंट का आयोजन


JP Bharat Share

2 responses to “धनबाद: होल्डिंग टैक्स में बढ़ोतरी, शहर में रहना हुआ महंगा”

  1. […] ये भी पढ़ें:-धनबाद: होल्डिंग टैक्स में बढ़ोतरी, शहर… […]

  2. […] ये भी पढ़ें:-धनबाद: होल्डिंग टैक्स में बढ़ोतरी, शहर… […]

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Latest News

View All

About the Author

Search the Archives

Access over the years of investigative journalism and breaking reports

You May Have Missed