,

आईआईटी (आईएसएम) धनबाद के उप निदेशक प्रो. धीरज कुमार को भावभीनी विदाई

JP Bharat Shareधनबाद: भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (आईआईटी-आईएसएम) धनबाद के उप निदेशक प्रो. धीरज कुमार को मंगलवार को संस्थान के प्रशासनिक भवन स्थित कॉन्फ्रेंस हॉल में आयोजित समारोह में भावभीनी विदाई दी गई। करीब चार वर्षों तक उप निदेशक के रूप में सेवाएं देने के बाद उनका कार्यकाल 30 जून को समाप्त हो गया। समारोह में…

JP Bharat Share

धनबाद:

भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (आईआईटी-आईएसएम) धनबाद के उप निदेशक प्रो. धीरज कुमार को मंगलवार को संस्थान के प्रशासनिक भवन स्थित कॉन्फ्रेंस हॉल में आयोजित समारोह में भावभीनी विदाई दी गई। करीब चार वर्षों तक उप निदेशक के रूप में सेवाएं देने के बाद उनका कार्यकाल 30 जून को समाप्त हो गया।

समारोह में संस्थान के निदेशक प्रो. सुकुमार मिश्रा ने प्रो. धीरज कुमार के योगदान की सराहना करते हुए कहा कि उनके नेतृत्व में संस्थान ने शैक्षणिक उत्कृष्टता, अनुसंधान, नवाचार और प्रशासनिक व्यवस्था को नई मजबूती मिली। उन्होंने उनके समर्पण, नेतृत्व क्षमता और कार्यशैली की प्रशंसा करते हुए उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं दीं।

अपने संबोधन में प्रो. धीरज कुमार ने कहा कि आईआईटी (आईएसएम) धनबाद में उप निदेशक के रूप में कार्य करना उनके लिए गर्व और सीख से भरा अनुभव रहा। उन्होंने संस्थान के नेतृत्व, शिक्षकों, अधिकारियों, कर्मचारियों और विद्यार्थियों के सहयोग के लिए सभी का आभार व्यक्त किया।

प्रो. धीरज कुमार, जो खनन अभियंत्रण विभाग में प्रोफेसर (एचएजी) हैं, को 29 अप्रैल 2022 को तीन वर्ष के लिए उप निदेशक नियुक्त किया गया था। बाद में उनका कार्यकाल बढ़ाकर 30 जून 2026 तक किया गया। शिक्षण, अनुसंधान और प्रशासन के क्षेत्र में दो दशक से अधिक के अनुभव वाले प्रो. कुमार वर्तमान में टेक्समिन (TEXMiN) और एसीआईसी (ACIC) के निदेशक भी हैं। इससे पहले वे डीन (इनोवेशन), डीन (इंटरनेशनल रिलेशंस एंड एलुमनाई अफेयर्स) तथा एसोसिएट डीन (इन्फ्रास्ट्रक्चर) जैसे महत्वपूर्ण दायित्व निभा चुके हैं।

उन्होंने आईआईटी (आईएसएम) धनबाद से एमटेक तथा आईआईटी खड़गपुर से पीएचडी की उपाधि प्राप्त की है। डिजिटल माइनिंग टेक्नोलॉजी, माइन सर्वेइंग, जियोस्पेशियल टेक्नोलॉजी और माइनिंग 4.0 उनके प्रमुख शोध क्षेत्र हैं। उन्होंने 20 से अधिक पीएचडी शोधार्थियों और 50 से अधिक एमटेक विद्यार्थियों का मार्गदर्शन किया है तथा 700 से अधिक माइनिंग प्रोफेशनल्स को डिजिटल माइनिंग और ऑटोमेशन से जुड़े प्रशिक्षण प्रदान किए हैं।

प्रो. धीरज कुमार ने देश के पहले माइनिंग टेक्नोलॉजी इनोवेशन हब TEXMiN की स्थापना में अहम भूमिका निभाई। साथ ही नीति आयोग समर्थित ACIC की स्थापना के माध्यम से स्टार्टअप और सामुदायिक नवाचार को बढ़ावा देने में भी महत्वपूर्ण योगदान दिया।

समारोह में नव नियुक्त उप निदेशक प्रो. शरत कुमार दास, जो 1 जुलाई से पदभार ग्रहण करेंगे, डीन (एकेडमिक) प्रो. एम.के. सिंह, डीन (रिसर्च एंड डेवलपमेंट) प्रो. पार्थसारथी दास, डीन (इन्फ्रास्ट्रक्चर) प्रो. अमित राय दीक्षित, डीन (इंटरनेशनल रिलेशंस एंड एलुमनाई अफेयर्स) प्रो. राजीव उपाध्याय, रजिस्ट्रार प्रबोध पांडेय सहित संस्थान के कई शिक्षक, अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।


JP Bharat Share

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

About the Author

Search the Archives

Access over the years of investigative journalism and breaking reports