देवघर। राजकीय श्रावणी मेला 2026 को देखते हुए खाद्य सुरक्षा विभाग ने मंगलवार को देवघर शहर में खाने-पीने की दुकानों और प्रतिष्ठानों के खिलाफ विशेष जांच अभियान चलाया। सर्कुलर रोड, विलियम्स टाउन और सत्संग चौक इलाके में हुई कार्रवाई के दौरान खाद्य कारोबारियों को साफ-सफाई और खाद्य गुणवत्ता को लेकर आवश्यक निर्देश दिए गए।
अभियान के दौरान डोसा प्लाजा, बटाटा ब्रॉस कैफे, बेल्जियम वेफ्फल्स, अमूल आइसक्रीम पार्लर, क्विक बाइट, डोमिनोज पिज्जा, चौपाटी, बॉम्बे कुल्फी, ठाकुर मिष्ठान, खुशबू स्वीट्स, अंबिका स्वीट्स एंड रेसिडेंसिज, न्यू सत्संग होटल, कोजी स्वीट्स, नटखट कैफे एंड आइसक्रीम पार्लर और होटल ग्रैंड सोना समेत कई प्रतिष्ठानों की जांच की गई।
जांच टीम ने विभिन्न दुकानों में रखे हल्दी, गरम मसाला, दाल, पनीर, सॉस, चटनी, सांभर, पका हुआ भोजन, सब्जियां, जलेबी, बूंदी और लड्डू समेत अन्य खाद्य सामग्री की गुणवत्ता और रखरखाव की स्थिति देखी।
इसके अलावा खाद्य पदार्थों के भंडारण, साफ-सफाई, एक्सपायरी डेट और प्रतिष्ठानों में खाद्य सुरक्षा से जुड़े नियमों के पालन की भी जांच की गई। अधिकारियों ने पानी की गुणवत्ता से संबंधित रिपोर्ट, कीट नियंत्रण के रिकॉर्ड तथा FSSAI लाइसेंस और पंजीकरण की स्थिति भी देखी।
कारोबारियों को दिए जरूरी निर्देश
खाद्य सुरक्षा विभाग ने दुकानदारों और प्रतिष्ठान संचालकों को खाद्य सामग्री को सुरक्षित तरीके से रखने, साफ-सफाई बनाए रखने और वैध लाइसेंस एवं पंजीकरण सुनिश्चित करने का निर्देश दिया।
अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि एक्सपायरी हो चुके या निर्धारित गुणवत्ता मानकों पर खरे नहीं उतरने वाले खाद्य पदार्थों की बिक्री और इस्तेमाल की अनुमति नहीं होगी। नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम, 2006 के तहत कार्रवाई की जाएगी।
पूरे मेले के दौरान जारी रहेगा अभियान
विभाग के अनुसार, श्रावणी मेला अवधि में खाद्य प्रतिष्ठानों की जांच का अभियान आगे भी जारी रहेगा। श्रद्धालुओं और आम लोगों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता और स्वच्छता पर विशेष निगरानी रखी जा रही है।
विभाग ने लोगों से भी अपील की है कि खाद्य सामग्री खरीदते समय निर्माण तिथि, अंतिम उपयोग तिथि, FSSAI लोगो और संबंधित प्रतिष्ठान का लाइसेंस जरूर जांच लें।
श्रावणी मेला में देशभर से बड़ी संख्या में श्रद्धालु देवघर पहुंचते हैं। ऐसे में खाद्य सुरक्षा विभाग की यह कार्रवाई श्रद्धालुओं को सुरक्षित और गुणवत्तापूर्ण भोजन उपलब्ध कराने की दिशा में महत्वपूर्ण मानी जा रही है।
















