धनबाद: गोविंदपुर में जीटी रोड पर लगने वाला लंबा जाम अब आम लोगों के लिए बड़ी परेशानी बनता जा रहा है। स्थानीय लोगों के अनुसार, सुबह से रात तक यातायात प्रभावित रहने के कारण कई वाहन चालक और यात्री घंटों जाम में फंसे रहते हैं। कुछ लोगों का दावा है कि कई बार लोगों को 9 से 10 घंटे तक भी जाम का सामना करना पड़ता है।
महाजाम का असर नौकरीपेशा लोगों, कारोबारियों, मरीजों, छात्रों और रोजाना आवागमन करने वाले लोगों पर पड़ रहा है। लंबे समय तक यातायात बाधित रहने के साथ सड़क सुरक्षा को लेकर भी चिंता जताई जा रही है। स्थानीय लोग सड़क हादसों और यातायात व्यवस्था को लेकर प्रशासन से प्रभावी कदम उठाने की मांग कर रहे हैं।
लोगों का सवाल है कि लंबे समय से बनी इस समस्या के स्थायी समाधान के लिए ट्रैफिक प्रबंधन को और मजबूत क्यों नहीं किया जा रहा है। उनका कहना है कि केवल विकास कार्यों के दावे पर्याप्त नहीं हैं, बल्कि सड़क पर सुचारु और सुरक्षित आवागमन सुनिश्चित करना भी जरूरी है।
आगामी दुर्गापूजा के दौरान बाजारों और पूजा स्थलों पर भीड़ बढ़ने की संभावना को देखते हुए स्थानीय लोगों को आशंका है कि यदि पहले से बेहतर ट्रैफिक प्लान तैयार नहीं किया गया तो स्थिति और गंभीर हो सकती है।
वहीं, कुछ लोगों की ओर से कमीशन, ठेकेदारी और कथित अवैध वसूली जैसे गंभीर आरोप भी लगाए जा रहे हैं। इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है। ऐसे में इन दावों की जांच संबंधित एजेंसियों के स्तर पर ही स्पष्ट हो सकती है।
स्थानीय लोगों की मांग है कि प्रशासन गोविंदपुर जीटी रोड पर ट्रैफिक प्रबंधन, वैकल्पिक मार्ग, पार्किंग, अतिक्रमण और सड़क सुरक्षा को लेकर ठोस योजना तैयार करे, ताकि रोजाना होने वाली परेशानी कम हो सके।
















