नई दिल्ली : प्रधानमंत्री की अध्यक्षता में हुई केंद्रीय कैबिनेट बैठक में किसानों, ऊर्जा और इंफ्रास्ट्रक्चर से जुड़े कई महत्वपूर्ण फैसलों को मंजूरी दी गई। सरकार का कहना है कि इन निर्णयों से देश की अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी और रोजगार व निवेश को नई गति मिलेगी।
कैबिनेट ने खरीफ फसलों के लिए न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) बढ़ाने को मंजूरी दे दी है। सरकार के अनुसार इस फैसले से किसानों को करीब 2.6 लाख करोड़ रुपये का अतिरिक्त लाभ मिलने की संभावना है। इससे कृषि क्षेत्र में आय बढ़ने और किसानों को आर्थिक सुरक्षा मिलने की उम्मीद जताई जा रही है।
ऊर्जा क्षेत्र में सरकार ने 37,500 करोड़ रुपये की कोल गैसीफिकेशन योजना को भी हरी झंडी दी है। इस योजना का उद्देश्य कोयले से गैस उत्पादन बढ़ाना और ऊर्जा आयात पर निर्भरता कम करना है। सरकार का मानना है कि इससे देश की ऊर्जा सुरक्षा मजबूत होगी और घरेलू संसाधनों का बेहतर उपयोग हो सकेगा।
इंफ्रास्ट्रक्चर सेक्टर को बढ़ावा देने के लिए सरखेज-धोलेरा सेमी हाई-स्पीड रेल कॉरिडोर परियोजना को भी मंजूरी दी गई है। इस परियोजना से क्षेत्रीय कनेक्टिविटी बेहतर होने के साथ औद्योगिक और आर्थिक गतिविधियों को भी गति मिलने की उम्मीद है।
सरकार का दावा है कि इन फैसलों से कृषि, ऊर्जा और परिवहन क्षेत्र में बड़े स्तर पर निवेश बढ़ेगा तथा रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे। विशेषज्ञों के अनुसार यह फैसले आने वाले समय में देश की आर्थिक विकास दर को भी मजबूती दे सकते हैं।














