रांची:
झारखंड में Census of India 2027 की तैयारियों ने रफ्तार पकड़ ली है। इसी क्रम में मुख्यमंत्री Hemant Soren ने रांची स्थित अपने आवासीय कार्यालय में स्व-गणना (Self-Enumeration) की प्रक्रिया पूरी कर एक अहम संदेश दिया है।
मुख्यमंत्री ने स्वयं इस प्रक्रिया में भाग लेकर राज्यवासियों से अपील की कि वे भी इस राष्ट्रीय अभियान में बढ़-चढ़कर हिस्सा लें। उन्होंने कहा कि जनगणना केवल आंकड़ों का संग्रह नहीं, बल्कि देश और राज्य के भविष्य की दिशा तय करने का आधार है।
उन्होंने जोर देते हुए कहा कि सटीक और पूर्ण आंकड़ों के बिना सरकार की योजनाएं सही लोगों तक नहीं पहुंच सकतीं। शिक्षा, स्वास्थ्य, रोजगार, आवास और सामाजिक सुरक्षा जैसी कई योजनाएं जनगणना के आंकड़ों पर ही निर्भर करती हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि स्व-गणना की सुविधा से प्रक्रिया तेज, पारदर्शी और अधिक सटीक बनेगी। इससे सरकारी तंत्र पर दबाव भी कम होगा और नागरिकों की सीधी भागीदारी सुनिश्चित होगी।
राज्य सरकार का मानना है कि आधुनिक तकनीक के इस्तेमाल से इस बार की जनगणना पहले से अधिक प्रभावी और व्यापक होगी। मुख्यमंत्री का यह कदम आम जनता के लिए प्रेरणा बनकर सामने आया है, जिससे लोग अपने अधिकार और जिम्मेदारी को समझते हुए इस महत्वपूर्ण कार्य में सहयोग करें।
















