धनबाद: नशा मुक्त शैक्षणिक संस्थान अभियान के तहत अल-इकरा टीचर्स ट्रेनिंग कॉलेज, बारियो मोड़, गोविंदपुर की ओर से नशे के खिलाफ जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य प्रशिक्षुओं और आम लोगों को नशे के दुष्परिणामों की जानकारी देना और युवाओं को नशामुक्त जीवन अपनाने के लिए प्रेरित करना था।
कार्यक्रम की शुरुआत कॉलेज के प्राचार्य डॉ. एमडी शमीम अहमद ने की। उन्होंने अभियान के उद्देश्य और महत्व पर जानकारी देते हुए कहा कि नशे का प्रभाव केवल व्यक्ति तक सीमित नहीं रहता, बल्कि परिवार और समाज के साथ युवाओं के भविष्य पर भी असर डालता है। उन्होंने प्रशिक्षुओं से स्वयं नशे से दूर रहने और आसपास के लोगों को भी जागरूक करने की अपील की।
प्रशिक्षु ने नशे के दुष्परिणामों पर दिया भाषण
एम.एड. की प्रशिक्षु निशा भारती ने “नशा मुक्त शैक्षणिक संस्थान अभियान” विषय पर भाषण दिया। उन्होंने नशे से होने वाले शारीरिक, मानसिक, सामाजिक और आर्थिक नुकसान पर प्रकाश डाला और लोगों से नशे के खिलाफ जागरूकता फैलाने की अपील की।
इसके बाद कॉलेज के प्रशिक्षु बारियो गांव पहुंचे। यहां उन्होंने नुक्कड़ नाटक के माध्यम से ग्रामीणों और आम लोगों को नशे के दुष्परिणामों के प्रति जागरूक किया।
नाटक के जरिए बताया गया कि नशे की आदत से केवल व्यक्ति का जीवन प्रभावित नहीं होता, बल्कि इसका असर पूरे परिवार पर पड़ सकता है। कार्यक्रम के माध्यम से युवाओं से नशे से दूर रहने और समाज में जागरूकता फैलाने का संदेश दिया गया।
















