गोविंदपुर: गोविंदपुर थाना परिसर में सोमवार को प्रेम विवाह कर चुके एक युवक-युवती के पहुंचने के बाद कुछ देर के लिए तनावपूर्ण स्थिति बन गई। दोनों सुरक्षा की मांग को लेकर थाने पहुंचे थे। सूचना मिलते ही दोनों पक्षों के परिजन भी थाना पहुंच गए, जहां काफी देर तक आरोप-प्रत्यारोप और समझाइश का दौर चला। बाद में गांव के प्रबुद्ध लोगों की पहल पर सामाजिक सहमति बनी और दोनों को पास स्थित वाणी मंदिर ले जाकर आशीर्वाद दिलाया गया। इसके बाद युवती की विदाई उसके पति के साथ कर दी गई।
जानकारी के अनुसार, गोविंदपुर थाना क्षेत्र के आसना गांव निवासी लखिकांत भंडारी का मधुबनी की एक स्वजातीय युवती से लंबे समय से प्रेम संबंध था। दोनों की मुलाकात बाजार में हुई थी और समय के साथ दोस्ती प्रेम में बदल गई।
परिजनों को इस संबंध की जानकारी मिलने के बाद युवती की मां ने उसका मोबाइल अपने पास रख लिया, ताकि दोनों के बीच संपर्क खत्म हो जाए। हालांकि युवती अपनी सहेली के मोबाइल के माध्यम से प्रेमी के संपर्क में बनी रही और दोनों चोरी-छिपे मिलते रहे।
बाद में दोनों ने घर छोड़कर प्रेम विवाह कर लिया। किसी अनहोनी की आशंका को देखते हुए दोनों सीधे गोविंदपुर थाना पहुंचे और पुलिस से सुरक्षा की मांग की।
प्रेमी युगल के थाने पहुंचने की सूचना मिलते ही दोनों परिवारों के सदस्य भी वहां पहुंच गए। युवती के परिजन इस विवाह का विरोध करते रहे और उसे अपने साथ ले जाने की कोशिश की। इससे थाना परिसर में कुछ समय तक तनाव का माहौल बना रहा।
स्थिति को देखते हुए गांव के प्रबुद्ध और सामाजिक लोगों ने हस्तक्षेप किया। उन्होंने दोनों के बालिग होने की पुष्टि करते हुए कहा कि कानून के अनुसार उन्हें अपनी पसंद से जीवनसाथी चुनने का अधिकार है। इसके बाद सामाजिक सहमति से दोनों को वाणी मंदिर ले जाकर आशीर्वाद दिलाया गया।
काफी देर तक चली समझाइश के बाद दोनों परिवारों ने स्थिति को स्वीकार कर लिया और अंततः पुलिस की मौजूदगी में युवती को उसके पति के साथ विदा कर दिया गया। पूरा मामला शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुआ।
















