धनबाद : पूर्वी टुंडी प्रखंड सभागार में भारत की आगामी जनगणना 2027 के सफल संचालन को लेकर आयोजित 12 दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम का रविवार को विधिवत समापन हो गया। यह प्रशिक्षण धनबाद के उपायुक्त सह प्रधान जनगणना पदाधिकारी के निर्देशानुसार आयोजित किया गया था।
कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य जनगणना के प्रथम चरण — मकान सूचीकरण एवं मकानों की गणना — को त्रुटिहीन और पारदर्शी तरीके से संपन्न कराना है। इस बार की जनगणना को ‘डिजिटल इंडिया’ अभियान के अनुरूप तकनीक आधारित बनाया जा रहा है।
प्रशिक्षण के दौरान प्रखंड के विभिन्न क्षेत्रों से आए प्रगणकों एवं पर्यवेक्षकों को मास्टर ट्रेनर्स द्वारा मोबाइल ऐप और डिजिटल टूल्स के माध्यम से डेटा संग्रह करने का प्रशिक्षण दिया गया। अधिकारियों ने बताया कि इस बार कागज की जगह मोबाइल ऐप के जरिए डेटा एंट्री की जाएगी, जिससे गणना प्रक्रिया अधिक तेज, पारदर्शी और सटीक होगी।
Suresh Prasad Barnwal ने बताया कि फील्ड वर्क के दौरान आने वाली चुनौतियों और उनके समाधान पर भी विस्तार से चर्चा की गई। उन्होंने कहा कि जनगणना राष्ट्र के विकास की नींव होती है और तकनीक के व्यापक उपयोग से डेटा संग्रह में त्रुटियों की संभावना काफी कम होगी।
उन्होंने कहा कि 12 दिनों के गहन प्रशिक्षण के बाद अब सभी प्रगणक और पर्यवेक्षक फील्ड में कार्य करने के लिए पूरी तरह तैयार हैं। प्रशिक्षण के अंतिम दिन सभी कर्मियों को निर्देश दिया गया कि वे प्रत्येक घर तक पहुंचकर सावधानीपूर्वक मकान सूचीकरण का कार्य करें।
समापन अवसर पर सहायक कार्य पदाधिकारी Tinku Ram Bauri, अंचल निरीक्षक Chandan Kumar Singh, बीपीओ Sujit Mahato, मास्टर ट्रेनर Ashutosh Chaubey सहित कई प्रखंड एवं अंचल कर्मी मौजूद रहे।
















